रासीसर हत्याकांड का खुलासा: बेटी को आपत्तिजनक स्थिति में देख दो भाइयो ने मिलकर अपने ही भाई को उतारा मौत के घाट, पढ़े खबर
बीकानेर। जिले के नोखा पुलिस थाना क्षेत्र के रासीसर गांव में हुए सनसनीखेज अनिल कुमार पुनिया हत्याकांड का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। इस मामले में पुलिस ने मृतक के ही रिश्ते में चचेरे भाई जगदीश और रामकुमार को गिरफ्तार किया है। जांच के दौरान सामने आए तथ्यों ने पूरे मामले को और भी चौंकाने वाला बना दिया है। पुलिस की पूछताछ में आरोपियों ने न केवल इस हत्या की साजिश का खुलासा किया, बल्कि एक अन्य गंभीर राज भी उजागर किया है।
पुलिस के अनुसार, इस हत्याकांड की जड़ एक ऐसी घटना थी जिसने आरोपी जगदीश को अंदर तक झकझोर दिया था। पूछताछ में जगदीश ने बताया कि घटना से एक दिन पहले रात के समय उसने मृतक अनिल कुमार को उसकी बेटी के साथ आपत्तिजनक स्थिति में देख लिया था। इस घटना ने उसे गहरे आक्रोश और मानसिक तनाव में डाल दिया। उसने इस बात को अपने भाई रामकुमार के साथ साझा किया, जिसके बाद दोनों ने मिलकर अनिल कुमार को सबक सिखाने की ठान ली।
पुलिस जांच में सामने आया कि दोनों भाइयों ने पूरी योजना के तहत अगले दिन सुबह अनिल कुमार की हत्या करने का फैसला किया। योजना के अनुसार, मौका देखकर दोनों आरोपी सुबह के समय अनिल कुमार के घर में घुस गए। वहां उन्होंने फावड़े से अनिल कुमार के सिर पर कई वार किए, जिससे उसकी मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई। हत्या को अंजाम देने के बाद दोनों आरोपियों ने साक्ष्य मिटाने की पूरी कोशिश की, ताकि वे कानून की गिरफ्त से बच सकें।
घटना के बाद आरोपियों की चालाकी भी सामने आई। पुलिस जब मौके पर पहुंची तो दोनों आरोपी सामान्य लोगों की तरह भीड़ में शामिल होकर स्थिति का जायजा लेते नजर आए। इतना ही नहीं, अगले दिन दोनों आरोपी मृतक के अंतिम संस्कार में भी शामिल हुए, जिससे किसी को उन पर शक न हो। लेकिन पुलिस की सतर्कता और गहन जांच ने आखिरकार इस साजिश का पर्दाफाश कर दिया।
नोखा पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए विशेष टीम गठित कर जांच शुरू की। घटनास्थल से मिले साक्ष्यों, संदिग्ध गतिविधियों और स्थानीय लोगों से पूछताछ के आधार पर पुलिस ने आरोपियों तक पहुंच बनाई। जब पुलिस ने सख्ती से पूछताछ की तो दोनों आरोपी टूट गए और उन्होंने अपना जुर्म कबूल कर लिया।
पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार आरोपी जगदीश और रामकुमार दोनों सगे भाई हैं और रासीसर गांव के पंचायतीया बास के निवासी हैं। फिलहाल दोनों को गिरफ्तार कर लिया गया है और उनसे आगे की पूछताछ जारी है। पुलिस यह भी जांच कर रही है कि क्या इस मामले में कोई अन्य व्यक्ति भी शामिल था या नहीं।
इस हत्याकांड ने पूरे इलाके में सनसनी फैला दी है। ग्रामीणों के बीच इस घटना को लेकर तरह-तरह की चर्चाएं हो रही हैं। वहीं, पुलिस का कहना है कि कानून अपने हाथ में लेने वालों को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा। यदि किसी को कोई आपत्ति या समस्या है तो उसे कानूनी तरीके से समाधान करना चाहिए, न कि इस तरह के जघन्य अपराध का रास्ता अपनाना चाहिए।
इस मामले ने एक बार फिर यह साबित कर दिया है कि व्यक्तिगत आक्रोश और भावनाओं में बहकर उठाया गया कदम किस तरह किसी की जान ले सकता है और कई परिवारों को तबाह कर सकता है। पुलिस अब इस पूरे मामले की गहराई से जांच कर रही है, ताकि सभी पहलुओं को स्पष्ट किया जा सके और दोषियों को कड़ी से कड़ी सजा दिलाई जा सके।










